STAR NEWS के स्टेट एडिटर विजय कुमार की खास रिपोर्ट
धनबाद। 26 जनवरी 1990 में बनी काॅमेडी फिल्म 'बाप नंबरी बेटा दस नंबरी, सबसे अधिक कमाई वाली सुपरहिट फिल्म थी। इस फिल्म में मुख्य भूमिका में कादर खान और शक्ति कपूर थे। बाकी जैकी श्रॉफ और आदित्य पंचोली, फरहा, गुलशन ग्रोवर समेत अन्य कलाकार भी थे। कादर खान और शक्ति कपूर काफी शातिर और सबसे बड़े ठग थे। बिल्कुल दोनों के अभिनय को अगर असल जिंदगी में उतारा है तो धनबाद के भूली थाना क्षेत्र के पांडरपाला का रहने वाला होमगार्ड उपेंद्र शर्मा और उसका बेटा रोहित कुमार ने। पिछले कई वर्षों से दोनों ठगी का धंधा कर रहे हैं। रोहित कुमार कहता है कि हमलोग बाप नंबरी बेटा नंबरी फिल्म की तरह असल जिंदगी में काम कर रहे हैं। जुगलबंदी के मुताबिक नंबरी मतलब चालाक और दस नंबरी मतलब सबसे शातिर ठग होता है। रोहित घड़ियाली आंसू बहा कर लोगों को अपनी चिकनी चुपड़ी बातों में फंसाकर रुपए ऐंठ लेता है और फरार हो जाता है। बेटा ठगी करता है और उसका कलियुगी बाप होमगार्ड जवान बनकर संरक्षण देने का काम करता है।
ग्रांटर बनाने के नाम पर दूसरे के आईडी से मोबाइल फाइनेंस कराकर फरार है रोहित
ग्रांटर बनाने के नाम पर दूसरे के आईडी से मोबाइल फाइनेंस कराकर होमगार्ड उपेंद्र शर्मा का कपूत बेटा रोहित कुमार फरार हो गया। हीरापुर के एक व्यक्ति रंजीत कुमार को रोहित कुमार ने वर्ष 2025 के मई महीने में कहा कि अंकल मेरे पापा को बर्खास्त कर विभाग से निकाल दिया है। हम ही प्राइवेट कंपनी में काम कर घर चलाते हैं। मेरा मोबाइल ब्लॉक हो गया। बगैर मोबाइल के हम काम नहीं कर सकते हैं। अंकल आप ग्रांटर बन जाइए। हमको मोबाइल मिल जाएगा। रोहित ने झूठ बोलकर आईडी ले लिया और कहा कि आपका अकाउंट से पैसा नहीं कटेगा। हम खुद हर महीने ईएमआई का पैसा मोबाइल दुकान में आकर जमा कर देंगे। जब अंकल के मोबाइल पर टीवीएस क्रेडिट कंपनी का मैसेज आया तो उनके होश उड़ गए। पता चला कि हर महीने के 3 तारीख को 9 महीने तक बैंक एकाउंट से 2364 रुपए ऑटोमैटिक कट जाएगा। रोहित कुमार को अंकल ने काॅल किया तो रोहित अपनी पुरानी बातों से पलट गया और कहने लगा कि अंकल हम आपको पहले बता दिए थे कि आपके एकाउंट से ही रुपए कटेगा। हालांकि आप चिंता मत कीजिए और हम आपके एकाउंट में 9 महीने तक ईएमआई का पैसा भेज देंगे। जबकि रोहित ने रुपए नहीं भेजा और अपना मोबाइल नंबर बदल दिया।
बाप बेटे के खिलाफ थाना से लेकर मुख्यमंत्री से की गई शिकायत
रंजीत कुमार ने जालसाज रोहित कुमार और उसके बाप उपेंद्र शर्मा के खिलाफ भूली थाना से लेकर मुख्यमंत्री से शिकायत की है। थाना प्रभारी ने उपेंद्र शर्मा और रोहित कुमार को थाना पर बुलाया, लेकिन दोनों नहीं गए। पुलिस पांडरपाला में उसके घर पर कई बार छापामारी की, लेकिन दोनों नहीं मिले। पुलिस ने कहा कि घर पर रोहित की बुजुर्ग दादी रहती है। दादी ने कहा कि बाप बेटा कब घर में आता है पता ही नहीं चलता है। अंकल ने किसी तरह उपेंद्र शर्मा का मोबाइल नंबर पता किया और उसे फोन किया तो उपेंद्र ने पहले कहा कि मेरा बेटा मोबाइल फाइनेंस नहीं कराया है। जब अंकल ने कहा कि मेरे पास सबूत है तो उपेंद्र ने कहा कि ठीक है हम आपको ₹5000 हर महीने करके दे देंगे, लेकिन उसने भी रुपए नहीं दिया। इसे कहते हैं बाप नंबरी और बेटा 10 नंबरी।
सर ! मेरा बेटा आईसीयू में भर्ती है, 20 हजार रुपए दे दीजिए
रोहित कुमार अपने मासूम से बेटे को ढाल बनाकर लोगों को फोन कर कहता है कि सर मेरा बेटा आईसीयू में भर्ती है, 20 हजार रुपए दे दीजिए । काफी रुपए लगेगा। कुछ लोग उसके जाल में फंस जाते हैं और ठगी के शिकार हो जाते हैं। वह जिस कंपनी में काम करता था, वहां के मैनेजर समेत कई लोगों से बेटे को सीरियस और आईसीयू में भर्ती बताकर काफी रुपए ठग लिया। कई दोस्तों से भी रोहित कुमार ने ठगी की है। कई मोबाइल और तीन-चार स्कूटी भी दूसरे के आईडी से रोहित ने फाइनेंस करा लिया और ठगी कर फरार हो गया।
रोहित कुमार की है तीन बीवियां
लोगों का कहना है कि रोहित कुमार की तीन बीवियां है। तीनों को अलग-अलग जगह पर किराया का घर लेकर रखता है। तीनों से उसके बच्चे भी है। तीन बीवियां और बच्चे भी हैं तो इसका मतलब खर्च काफी अधिक होता होगा। इसलिए उसने मेहनत से कमाने की बजाय ठगी को ही अपना कारोबार बना लिया।
देसी पकवान टिफिन सर्विस होम किचन के नाम पर भी लोगों से करता है ठगी
लोगों का कहना है कि रोहित कुमार ने अपने घर के दीवार पर देसी पकवान टिफिन सर्विस होम किचन का बैनर लगा लिया है। रोहित कहता है कि घर-घर जाकर नाश्ता और खाना सप्लाई करते हैं। जबकि घर में होम किचन ही नहीं है। होम किचन के नाम पर भी रोहित कुमार ने कई लोगों से कर्ज के नाम पर हजारों रुपए की ठगी कर चुका है।
